हिमाचल के सुपर-स्पेशलिस्ट डॉक्टरों को बड़ी राहत, मिलेगा NPA; नोटिफिकेश जारी
शिमला। हिमाचल प्रदेश में सेवाएं दे रहे सुपर-स्पेशलिस्ट डॉक्टरों के लिए राज्य सरकार ने बड़ी राहत और प्रोत्साहन भरा फैसला लिया है। प्रदेश सरकार ने मेडिकल कॉलेज अस्पतालों में कार्यरत सुपर-स्पेशलिस्ट चिकित्सकों को नॉन-प्रैक्टिसिंग अलाउंस (NPA) देने का निर्णय लिया है। इस संबंध में स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा विभाग (DME) ने अधिसूचना जारी कर दी है।
जारी अधिसूचना के अनुसार, डॉक्टर ऑफ मेडिसिन (DM), मैजिस्टर ऑफ सर्जरी (M.Ch.) और डॉक्टरेट ऑफ नेशनल बोर्ड (DNB) जैसी सुपर-स्पेशलिटी योग्यता रखने वाले फैकल्टी सदस्यों को यह लाभ प्रदान किया जाएगा। राज्यपाल की अनुमति के बाद लिए गए इस फैसले के तहत चिकित्सा शिक्षा एवं अनुसंधान विभाग के अंतर्गत कार्यरत वे सभी सुपर-स्पेशलिस्ट चिकित्सक पात्र होंगे, जिन्होंने किसी मान्यता प्राप्त विश्वविद्यालय या नेशनल बोर्ड ऑफ एग्जामिनेशन इन मेडिकल साइंसेज (NBEMS) से संबंधित सुपर-स्पेशलिटी डिग्री प्राप्त की है।
सरकार ने स्पष्ट किया है कि चिकित्सकों को NPA का लाभ उन दरों और शर्तों के अनुसार दिया जाएगा, जो वित्त विभाग की 24 मई, 2023 की अधिसूचना से पहले लागू थीं। यह व्यवस्था तत्काल प्रभाव से लागू कर दी गई है और अगले आदेश तक जारी रहेगी।
सरकार का मानना है कि इस निर्णय से प्रदेश में विशेषज्ञ चिकित्सकों को प्रोत्साहन मिलेगा और सुपर-स्पेशलिटी स्वास्थ्य सेवाएं और अधिक सुदृढ़ होंगी। स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा विभाग ने यह आदेश वित्त विभाग की पूर्व स्वीकृति और सक्षम प्राधिकारी की अनुमति के बाद जारी किया है। अधिसूचना की प्रतियां प्रधान महालेखाकार, लेखा एवं कोषागार विभाग, चिकित्सा शिक्षा एवं अनुसंधान निदेशालय तथा प्रदेश के सभी सरकारी मेडिकल और डेंटल कॉलेजों को भेज दी गई हैं।
गौरतलब है कि प्रदेश में वर्तमान में कार्डियो थोरेसिक एंड वैस्कुलर सर्जरी (CTVS), ओपन हार्ट सर्जरी, प्लास्टिक सर्जरी, न्यूरो सर्जरी, कार्डियोलॉजी सहित कई सुपर-स्पेशलिटी विभागों में विशेषज्ञ चिकित्सक सेवाएं दे रहे हैं। इस फैसले से ऐसे सभी योग्य चिकित्सकों को सीधा लाभ मिलेगा और प्रदेश में विशेषज्ञ चिकित्सा सेवाओं को नई मजबूती मिलने की उम्मीद है।






