विद्यार्थियों ने किया परीक्षा का बहिष्कार
- विश्वविद्यालय ने मानी मांगें, विद्यार्थियों पर नहीं हो रहा असर, धरना-प्रदर्शन रहा जारी
हरियाणा कृषि विश्वविद्यालय में स्कॉलरशिप नीति में बदलाव और छात्रों पर किए गए लाठीचार्ज के विरोध में विद्यार्थियों पर विश्वविद्यालय की अपील का कोई असर नहीं हो रहा है। विश्वविद्यालय द्वारा रविवार को स्टाइफंड जारी रखने का पत्र जारी करने व अन्य मांगें मानने के आश्वासन के बावजूद विद्यार्थियों का धरना लगातार जारी है। सोमवार को विश्वविद्यालय में पेपर शुरू हुए परंतु विद्यार्थियों ने परीक्षा का विरोध करते हुए इसका बहिष्कार किया। जानकारी के अनुसार विश्वविद्यालय में लगभग 1700 विद्यार्थियों का पेपर था। इनमें से 13 विद्यार्थी ही पेपर देने पहुंचे और इनमें से नौ छात्र विदेशी है और बाकी प्रोफेसरों के बच्चे हैं। छात्रों ने आरोप लगाया कि हमने पेपर देने से पहले ही साफ मना कर दिया था। जब तक उनकी मांगों पर कोई कार्रवाई नहीं होती, तब तक वह परीक्षा का बहिष्कार करेंगे। छात्रों का आरोप है कि प्रोफेसरों ने उन पर दबाव बनाया कि अगर पेपर नहीं दोगे तो आप पर केस बना दिया जाएगा, धारा 163 लागू के चलते धरना न दें। छात्रों ने यह भी आरोप लगाया कि प्रोफेसर कुछ छात्र-छात्राओं को हॉस्टल में जाकर जबरदस्ती पेपर दिलाने ले गए। धरना दे रहे छात्रों को समर्थन देने के लिए पूर्व विधायक रामनिवास घोड़ेला और पगड़ी संभाल जट्टा किसान संघर्ष समिति के सदस्य धरने पर पहुंचे। इस दौरान छात्रों व किसानों ने मिलकर वीसी के पुतले का दहन किया।
इन कॉलेजों के छात्रों का था पेपर
विश्वविद्यालय में सोमवार को कॉलेज ऑफ क्युनिटी साइंस, कॉलेज ऑफ बेसिक साइंस, कॉलेज ऑफ एग्रीकल्चर, कॉलेज ऑफ एग्रीकल्चर, बावल, कॉलेज ऑफ एग्रीकल्चर इंजीनियरिंग, कॉलेज ऑफ बायो टेक्नोलॉजी, कॉलेज ऑफ एग्रीकल्चर, हिसार व कॉलेज ऑफ एग्रीकल्चर, कौल, कुरुक्षेत्र में परीक्षाएं थी।
थिसिस सेमिनार के लिए अंडरटेकिंग साइन करने से किया मना
धरना दे रहे छात्रों ने यह भी आरोप लगाया कि पीएचडी के छात्र थिसिस सेमिनार देना चाहते हैं। वरना उनकी डिग्री पूरी नहीं हो पाएगी। ऐसे में सभी थिसिस सेमिनार देने पर सहमत हो गए। मगर प्रोफेसर उनसे बोले कि पहले अंडरटेकिंग साइन करवाना पड़ेगा। इसके बाद ही थिसिस सेमिनार लेंगे। 15 से 20 छात्रों को धरने से उठाकर अपने साथ लेकर आओ। तभी अंडरटेकिंग साइन करेंगे।
एचएयू प्रबंधन का दावा
शांतिपूर्वक संपन्न हुई परीक्षाएं जिला प्रशासन की देखरेख में हरियाणा कृषि विश्वविद्यालय में परीक्षाएं शांतिपूर्वक ढंग से संपन्न हुई। स्ट्राइक कर रहे छात्रों द्वारा प्रत्यक्ष-अप्रत्यक्ष रूप से परीक्षा में बाधा डालने की भी कोशिश की गई। इसके बावजूद भी 50 से अधिक छात्र एवं छात्राएं परीक्षा देने के लिए आए।विश्वविद्यालय द्वारा आंदोलनरत छात्रों के समाधान के लिए गठित की गई कमेटी के अध्यक्ष व अनुसंधान निदेशक डॉ. राजबीर गर्ग ने बताया कि सोमवार को कुल 350 छात्रों को परीक्षा देनी थी, जिसमें से 50 से अधिक छात्रों ने परीक्षा दी है। इसके अलावा 100 से अधिक एमएससी और पीएचडी छात्रों ने अपने विभाग में आकर अपनी हाजरी लगाई और अपने रिसर्च से संबंधित कार्य किए। ज्ञात रहे की आज सभी विद्यार्थियों की परीक्षा नहीं थी और कुछ छात्रों ने मेडिकल ग्राउंड पर परीक्षाएं ना देने की भी सूचना दी। प्रिशासन ने छात्रों से फिर अपील की है कि वे मंगलवार को होने वाली परीक्षा में शामिल हों ।












