हिमाचल को मिला नया मुख्य सचिव, केके पंत संभालेंगे प्रशासन की कमान
हिमाचल प्रदेश के मुख्य सचिव संजय गुप्ता के सेवानिवृत्त होने के बाद राज्य को नया मुख्य सचिव मिल गया है। मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने वरिष्ठता को प्राथमिकता देते हुए 1993 बैच के वरिष्ठ आईएएस अधिकारी केके पंत को मुख्य सचिव का अतिरिक्त कार्यभार सौंपा है। इस संबंध में कार्मिक विभाग ने औपचारिक आदेश भी जारी कर दिए हैं।
गौरतलब है कि संजय गुप्ता 30 मई को मुख्य सचिव पद से सेवानिवृत्त हुए। उन्हें नियमित मुख्य सचिव बनाए जाने के महज पांच दिन बाद ही रिटायर होना पड़ा। ऐसे में यह अटकलें लगाई जा रही थीं कि सरकार उन्हें सेवा विस्तार दे सकती है, लेकिन मुख्यमंत्री सुक्खू ने इन सभी कयासों पर विराम लगाते हुए अतिरिक्त मुख्य सचिव (गृह, वन एवं विजिलेंस) केके पंत को यह जिम्मेदारी सौंप दी।
मुख्य सचिव की दौड़ में कई वरिष्ठ अधिकारी थे शामिल
प्रदेश के शीर्ष प्रशासनिक पद के लिए पांच वरिष्ठ आईएएस अधिकारियों के नाम मुख्यमंत्री कार्यालय को भेजे गए थे। इनमें सबसे वरिष्ठ 1993 बैच के आईएएस अधिकारी केके पंत का नाम सबसे ऊपर था।
इसके अलावा 1994 बैच की वरिष्ठ आईएएस अधिकारी अनुराधा ठाकुर, जो वर्तमान में केंद्र सरकार में सेवाएं दे रही हैं, का नाम भी पैनल में शामिल था। वहीं 1994 बैच के आईएएस अधिकारी ओंकार शर्मा, जो वर्तमान में अतिरिक्त मुख्य सचिव (जनजातीय विकास) के पद पर कार्यरत हैं, भी इस दौड़ में शामिल थे।
पैनल में 1995 बैच के वरिष्ठ आईएएस अधिकारी हरबंस सिंह ब्रास खेड़ा, जो वर्तमान में केंद्र सरकार के उपभोक्ता मामले विभाग में अतिरिक्त सचिव हैं, का नाम भी शामिल था। इसके अलावा अतिरिक्त मुख्य सचिव आर.डी. नजीम भी मुख्य सचिव पद की संभावित सूची में शामिल थे।
अनुभव और वरिष्ठता पर सरकार का भरोसा
केके पंत को प्रशासनिक अनुभव और वरिष्ठता के आधार पर यह जिम्मेदारी सौंपी गई है। माना जा रहा है कि प्रदेश के प्रशासनिक ढांचे को मजबूत बनाने और विभिन्न विभागों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करने में उनका अनुभव महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।
सरकार के इस फैसले को प्रशासनिक निरंतरता बनाए रखने और वरिष्ठता का सम्मान करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।






