बिजली बोर्ड कर्मचारियों को बड़ी सौगात: 43 हजार कर्मियों और पेंशनरों को मिलेगा 1.50 करोड़ रुपये तक का बीमा कवर
शिमला। हिमाचल प्रदेश राज्य विद्युत बोर्ड ने अपने करीब 43 हजार कर्मचारियों और पेंशनरों को बड़ी राहत देते हुए उनकी वित्तीय और सामाजिक सुरक्षा को मजबूत करने की दिशा में अहम कदम उठाया है। अब कर्मचारियों की मासिक सैलरी केवल आय का माध्यम नहीं रहेगी, बल्कि बेहतर बैंकिंग सुविधाओं के साथ 30 लाख रुपये से लेकर 1.50 करोड़ रुपये तक का बीमा सुरक्षा कवच भी उपलब्ध कराएगी।
इसके लिए बिजली बोर्ड ने सात इम्पैनल्ड बैंकों के साथ कॉर्पोरेट सैलरी पैकेज लागू करने के लिए समझौता ज्ञापन (एमओयू) पर हस्ताक्षर किए हैं। यह पहल बोर्ड के कर्मचारियों और पेंशनरों के हित में अब तक के सबसे महत्वपूर्ण फैसलों में से एक मानी जा रही है।
विद्युत भवन में हुआ एमओयू पर हस्ताक्षर
शिमला स्थित विद्युत भवन (कुमार हाउस) में आयोजित कार्यक्रम में बिजली बोर्ड के अध्यक्ष डॉ. प्रभोध सक्सेना की मौजूदगी में एमओयू पर हस्ताक्षर किए गए। बोर्ड की ओर से मुख्य लेखा परीक्षक अर्जुन सिंह ठाकुर ने समझौते पर हस्ताक्षर किए, जबकि सातों बैंकों के अधिकृत प्रतिनिधि भी कार्यक्रम में मौजूद रहे।
इस समझौते में पंजाब नेशनल बैंक, स्टेट बैंक ऑफ इंडिया, बैंक ऑफ बड़ौदा, आईसीआईसीआई बैंक, एचडीएफसी बैंक, हिमाचल प्रदेश स्टेट कोऑपरेटिव बैंक और कांगड़ा सेंट्रल कोऑपरेटिव बैंक शामिल हैं।
30 लाख से 1.50 करोड़ तक का बीमा कवर
कॉर्पोरेट सैलरी पैकेज के तहत पात्र कर्मचारियों और पेंशनरों को व्यक्तिगत दुर्घटना बीमा, स्थायी पूर्ण एवं आंशिक दिव्यांगता कवर, टर्म लाइफ इंश्योरेंस के साथ कई अन्य मूल्यवर्धित बैंकिंग सुविधाएं मिलेंगी। कर्मचारियों का बीमा कवर उनके वेतनमान के आधार पर 30 लाख रुपये से लेकर 1.50 करोड़ रुपये तक होगा।
कर्मचारी हित में ऐतिहासिक पहल
बोर्ड अध्यक्ष डॉ. प्रभोध सक्सेना ने कहा कि यह पहल कर्मचारियों और पेंशनरों की वित्तीय सुरक्षा को और मजबूत करेगी तथा भविष्य में उन्हें बेहतर सामाजिक सुरक्षा प्रदान करेगी।
वहीं, बिजली बोर्ड जेसीसी के प्रतिनिधि हीरा लाल वर्मा ने इस फैसले का स्वागत करते हुए इसे कर्मचारियों के हित में ऐतिहासिक निर्णय बताया और बोर्ड प्रबंधन का आभार जताया।






