रियूर-बनाल में एनएच प्रभावितों ने दो घंटे किया हाईवे जाम, प्रशासन की मौजूदगी में कंपनी से हुआ समझौता
माकपा नेता भूपेंद्र सिंह ने किया नेतृत्व, विधायक पर लगाए गंभीर आरोप
अनंत ज्ञान, सरकाघाट
सरकाघाट के धर्मपुर क्षेत्र की बनाल पंचायत के रियूर में निर्माणाधीन नेशनल हाईवे-003 से प्रभावित परिवारों ने वीरवार को करीब दो घंटे तक हाईवे जाम कर प्रदर्शन किया। प्रभावितों का आरोप है कि पिछले दो वर्षों से करीब डेढ़ दर्जन मकानों पर खतरा मंडरा रहा है, लेकिन प्रशासन और कंपनी उनकी समस्याओं को नजरअंदाज कर रहे हैं। ग्रामीणों ने हिमाचल किसान सभा के बैनर तले पूर्व जिला पार्षद भूपेंद्र सिंह के नेतृत्व में रियूर और बनाल में सड़क जाम कर प्रदर्शन किया। बाद में प्रशासन की मौजूदगी में कंपनी प्रबंधन के साथ लिखित समझौता हुआ, जिसमें लंबित कार्य 17 जून तक पूरा करने पर सहमति बनी।
भूपेंद्र सिंह ने बताया कि एनएच कटिंग के कारण पिछली बरसात में कई मकानों को नुकसान पहुंचा था। प्रशासन ने सुरक्षा दीवारें लगाने और रास्ते बहाल करने के निर्देश दिए थे, लेकिन कंपनी ने अब तक काम नहीं किया। उन्होंने आरोप लगाया कि कंपनी ने जगह-जगह अवैध डंपिंग की है तथा पारंपरिक रास्ते और पेयजल स्रोत भी क्षतिग्रस्त किए हैं।
ग्रामीणों का कहना है कि रियूर, खडेला, तपवालका और बनाल गांव के कई परिवारों के मकानों पर खतरा बना हुआ है। बरसात से पहले सुरक्षा कार्य पूरे न होने से लोगों में डर का माहौल है।
कंपनी ने विधायक का मुंह बंद किया : भूपेंद्र
भूपेंद्र सिंह ने आरोप लगाया कि सड़क निर्माण और डंगे लगाने का ठेका विधायक समर्थित स्थानीय ठेकेदार को मिलने के बाद विधायक भी चुप हैं। प्रदर्शन में किसान सभा के बाला राम, करतार सिंह चौहान, दिनेश कुमार काकू, अनिल कुमार, मान सिंह, बालम राम, बक्शी राम और अन्य ग्रामीण मौजूद रहे।
17 जून तक दी डेडलाइन : एसडीएम
एसडीएम धर्मपुर जोगिंद्र पटियाल ने बताया कि किसान सभा और कंपनी के बीच तहसीलदार सुरेंद्र कुमार की मौजूदगी में लिखित समझौता हुआ है। कंपनी को सुरक्षा दीवारें लगाने और प्रभावित घरों को सुरक्षित करने के लिए 17 जून तक का समय दिया गया है।






