स्मार्ट मीटर की ‘आरती’ उतारकर कारोबारी का अनोखा विरोध, बंद दुकान का आया 23 हजार का बिजली बिल
शिमला। हिमाचल प्रदेश में स्मार्ट मीटरों को लेकर लोगों का आक्रोश लगातार बढ़ता जा रहा है। राजधानी शिमला समेत प्रदेश के कई हिस्सों में उपभोक्ता भारी-भरकम बिजली बिलों से परेशान हैं। इसी बीच शिमला के एक कारोबारी ने स्मार्ट मीटर के खिलाफ अनोखे अंदाज में विरोध दर्ज कराते हुए मीटर की धूप-दीप से आरती उतारी और बिजली बोर्ड के खिलाफ नाराजगी जाहिर की।
कारोबारी का दावा है कि मार्च महीने में उनकी दुकान पूरी तरह बंद रही। न दुकान में कोई कामकाज हुआ और न ही बिजली का इस्तेमाल किया गया, लेकिन इसके बावजूद उन्हें करीब 17 हजार रुपये का बिजली बिल भेज दिया गया। कारोबारी ने बताया कि पहले उन्होंने इसे तकनीकी गलती मानते हुए बिजली बोर्ड से शिकायत की, लेकिन समस्या का समाधान होने के बजाय अगले महीने और बड़ा झटका लग गया।
कारोबारी के अनुसार अप्रैल महीने में उन्हें करीब 23 हजार रुपये का बिजली बिल थमा दिया गया। लगातार बढ़ते बिलों से परेशान कारोबारी ने कहा कि जब दुकान बंद थी और बिजली का कोई उपयोग नहीं हुआ, तो इतना भारी बिल आखिर कैसे आ सकता है। उनका कहना है कि इस पूरे मामले ने उन्हें मानसिक और आर्थिक रूप से परेशान कर दिया है।
विरोध के दौरान कारोबारी ने स्मार्ट मीटर के सामने धूप-दीप जलाकर उसकी आरती उतारी और कहा कि, “अगर आपने मुझ पर कृपा नहीं की तो अगले महीने आपका स्थान सड़क पर दिखा दूंगा।” कारोबारी का यह अनोखा विरोध देखते ही देखते चर्चा का विषय बन गया और मौके पर लोगों की भीड़ जुट गई।
स्थानीय लोगों ने भी कारोबारी का समर्थन करते हुए आरोप लगाया कि स्मार्ट मीटर लगने के बाद कई उपभोक्ताओं के बिजली बिलों में अचानक भारी बढ़ोतरी देखने को मिली है। लोगों का कहना है कि बार-बार शिकायत करने के बावजूद उनकी समस्याओं का संतोषजनक समाधान नहीं हो रहा।
प्रदेश में पिछले कुछ समय से स्मार्ट मीटरों को लेकर विवाद लगातार गहराता जा रहा है। कई स्थानों पर लोग बिजली बोर्ड कार्यालयों के बाहर प्रदर्शन कर चुके हैं। उपभोक्ताओं का आरोप है कि स्मार्ट मीटर लगने के बाद बिजली बिलों में असामान्य वृद्धि दर्ज की जा रही है, जिससे आम लोग परेशान हैं।






