HRTC कंडक्टर और पूर्व सैनिक के बीच किराए को लेकर विवाद, यूनियन ने दी आंदोलन की चेतावनी
मंडी जिले में हिमाचल पथ परिवहन निगम (HRTC) की बस में परिचालक और एक भूतपूर्व सैनिक के बीच किराए को लेकर विवाद का मामला सामने आया है। यह घटना मंडी से पेड़ी नैरचौक रूट पर चल रही बस में हुई, जिसके बाद मामला तूल पकड़ गया और विवाद पुलिस थाने तक पहुंच गया।
जानकारी के अनुसार, बस कंडक्टर मीनू शर्मा ने बताया कि जब बस अपने निर्धारित रूट पर जा रही थी, तभी रास्ते में एक रिटायर्ड फौजी बस में सवार हुए। किराया मांगने पर यात्री ने एक कार्ड दिखाते हुए दावा किया कि उन्हें परमवीर चक्र प्राप्त है और इसी आधार पर वे किराया देने से इनकार कर रहे हैं।
परिचालक के अनुसार, इस स्थिति को लेकर उन्होंने तुरंत उच्च अधिकारियों से संपर्क किया, जिस पर उन्हें बताया गया कि केवल ‘हिम बस पास’ ही निशुल्क यात्रा के लिए मान्य है, अन्य कोई कार्ड स्वीकार्य नहीं है। इसी बात को लेकर दोनों पक्षों में बहस बढ़ गई और मामला विवाद में बदल गया।
वीडियो वायरल, यूनियन ने उठाया कड़ा कदम
घटना के दौरान हुई बहस का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो गया है। इसके बाद HRTC परिचालक यूनियन ने सख्त रुख अपनाते हुए संबंधित व्यक्ति के खिलाफ सदर थाना में शिकायत दर्ज करवाई है। साथ ही यह शिकायत मंडी के आरएम कार्यालय को भी भेजी गई है।
यूनियन ने स्पष्ट कहा है कि परिचालकों के साथ इस तरह का व्यवहार किसी भी हालत में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने प्रशासन से तत्काल और सख्त कार्रवाई की मांग की है।
‘एक हफ्ते में कार्रवाई नहीं तो होगा आंदोलन’
HRTC कंडक्टर यूनियन के प्रदेश उपाध्यक्ष नवीन ठाकुर ने कहा कि सरकार द्वारा जिन श्रेणियों को निशुल्क यात्रा की सुविधा दी गई है, उनके लिए ‘हिम बस पास’ अनिवार्य है। उन्होंने कहा कि बिना वैध पास के किसी भी तरह की निशुल्क यात्रा नियमों के खिलाफ है।
वहीं यूनियन के प्रदेश मीडिया प्रभारी ललित राजपूत ने भी घटना पर कड़ी नाराजगी जताई। उन्होंने कहा कि ड्यूटी पर तैनात कर्मचारियों के साथ इस तरह का व्यवहार पूरी तरह अस्वीकार्य है।
उन्होंने चेतावनी दी कि यदि एक सप्ताह के भीतर आरोपी के खिलाफ उचित कार्रवाई नहीं की गई, तो मंडी–पेड़ी रूट पर बस सेवाएं बंद कर धरना-प्रदर्शन किया जाएगा, जिसकी पूरी जिम्मेदारी निगम प्रबंधन की होगी।












