सरकाघाट हत्याकांड: पीड़ित परिवार से मिले विक्रमादित्य सिंह, बोले-सिया गुलेरिया को न्याय दिलाना हमारा संकल्प
हिमाचल प्रदेश के जिला मंडी के सरकाघाट उपमंडल के नैण गांव में हुए दर्दनाक छात्रा हत्याकांड ने पूरे प्रदेश को झकझोर कर रख दिया है। इस सनसनीखेज वारदात के बाद अब मामला सियासी रंग भी लेने लगा है और प्रदेश की राजनीति में आरोप-प्रत्यारोप का दौर तेज हो गया है।
घटना के बाद सबसे पहले नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने पीड़ित परिवार से मुलाकात की और प्रदेश की कानून-व्यवस्था पर सवाल उठाते हुए सुखविंदर सिंह सुक्खू सरकार को घेरा। उन्होंने इस घटना को कानून व्यवस्था की विफलता करार दिया।
वहीं, बुधवार को लोक निर्माण विभाग के मंत्री विक्रमादित्य सिंह सरकाघाट पहुंचे और पीड़ित परिवार से मिलकर गहरी संवेदना व्यक्त की। इस दौरान उन्होंने परिवार को हर संभव सहायता का भरोसा दिलाया। पूरे गांव में शोक की लहर है और माहौल बेहद गमगीन बना हुआ है।
मंत्री विक्रमादित्य सिंह ने कहा, “हम सिया के परिवार को विश्वास दिलाते हैं कि इस कठिन समय में सरकार उनके साथ खड़ी है। आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया है और हम इस मामले में फास्ट ट्रैक ट्रायल सुनिश्चित करेंगे, ताकि दोषी को जल्द से जल्द कड़ी सजा मिल सके। देवभूमि की बेटियों की सुरक्षा हमारी सर्वोच्च प्राथमिकता है और सिया को न्याय दिलाना हमारा संकल्प है।”
उन्होंने इस घटना को बेहद दुर्भाग्यपूर्ण और समाज को झकझोर देने वाली बताते हुए कहा कि प्रदेश सरकार पीड़ित परिवार के साथ पूरी मजबूती से खड़ी है। दोषियों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा।
मंत्री ने संबंधित अधिकारियों को मामले की निष्पक्ष और गहन जांच के निर्देश भी दिए। उन्होंने कहा कि सच्चाई को जल्द सामने लाना और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई सुनिश्चित करना प्रशासन की जिम्मेदारी है। साथ ही उन्होंने कानून-व्यवस्था को और मजबूत करने की आवश्यकता पर भी जोर दिया।
इस दौरान मंत्री ने घटनास्थल का दौरा कर हालात का जायजा लिया और अधिकारियों से जांच की प्रगति की विस्तृत जानकारी ली। उन्होंने जांच पर संतोष जताते हुए आवश्यक दिशा-निर्देश भी जारी किए।
गौरतलब है कि 13 अप्रैल की सुबह सरकाघाट में कॉलेज जा रही एक युवती की दिनदहाड़े बीच सड़क पर एक युवक ने हत्या कर दी थी। इस निर्मम वारदात के बाद पूरे क्षेत्र में आक्रोश का माहौल है और लोग पीड़ित परिवार को जल्द न्याय दिलाने की मांग कर रहे हैं।
अब प्रदेशभर की निगाहें इस मामले की जांच और दोषी को मिलने वाली सजा पर टिकी हुई हैं।












