NTT भर्ती पर फिर लगी रोक, NCTE ने एक वर्षीय डिप्लोमा को किया अस्वीकार
शिमला: हिमाचल प्रदेश में नर्सरी टीचर ट्रेनिंग (NTT) भर्ती प्रक्रिया एक बार फिर अटक गई है। राष्ट्रीय अध्यापक शिक्षा परिषद यानी National Council for Teacher Education (NCTE) ने प्रदेश में मान्य एक वर्षीय NTT डिप्लोमा को भर्ती के लिए अस्वीकार कर दिया है। इसके बाद शिक्षा विभाग को पूरी भर्ती प्रक्रिया रोकनी पड़ी है।
जानकारी के अनुसार, प्रदेश सरकार सरकारी स्कूलों में प्री-प्राइमरी और नर्सरी कक्षाएं शुरू करने के लिए हजारों ECCE/NTT प्रशिक्षकों की भर्ती कर रही थी। लेकिन दस्तावेजों की जांच के दौरान सामने आया कि बड़ी संख्या में अभ्यर्थियों के पास एक वर्षीय या गैर-मान्यता प्राप्त संस्थानों के डिप्लोमा हैं, जिन्हें NCTE मानकों के तहत मान्यता नहीं दी जा सकती।
सूत्रों के मुताबिक, NCTE के नियमों के अनुसार केवल मान्यता प्राप्त संस्थान से दो वर्षीय NTT/ECCE डिप्लोमा ही वैध माना जाएगा। इसी वजह से भर्ती प्रक्रिया में शामिल अधिकांश अभ्यर्थियों को अयोग्य घोषित करना पड़ा।
अब शिक्षा विभाग भर्ती नियमों में बदलाव कर नई प्रक्रिया तैयार करने में जुट गया है। संभावना जताई जा रही है कि विभाग जल्द नई पात्रता शर्तों और संशोधित गाइडलाइन के साथ भर्ती प्रक्रिया दोबारा शुरू करेगा। इसके साथ ही राज्य में सरकारी प्रशिक्षण केंद्रों पर मान्यता प्राप्त NTT कोर्स शुरू करने पर भी विचार किया जा रहा है।
इस फैसले से हजारों अभ्यर्थियों को बड़ा झटका लगा है, जो लंबे समय से भर्ती प्रक्रिया पूरी होने का इंतजार कर रहे थे। वहीं सरकार पर भी जल्द समाधान निकालने का दबाव बढ़ गया है।






