विमल नेगी मौत मामले में CBI बड़ा खुलासा, चार्जशीट में वरिष्ठ अधिकारियों पर मानसिक प्रताड़ना के आरोप
शिमला। हिमाचल प्रदेश पावर कॉरपोरेशन लिमिटेड (एचपीपीसीएल) के महाप्रबंधक (नवीकरणीय ऊर्जा) विमल नेगी मौत मामले में सीबीआई की चार्जशीट में कई गंभीर खुलासे हुए हैं। जांच एजेंसी ने दावा किया है कि निगम के कुछ वरिष्ठ अधिकारियों द्वारा ऐसा माहौल बनाया गया, जिससे विमल नेगी को मानसिक प्रताड़ना, प्रशासनिक दबाव और पेशेवर उत्पीड़न का सामना करना पड़ा। सीबीआई ने इन आरोपों को पेखुबेला सौर ऊर्जा परियोजना से जुड़े निर्णयों और भुगतान प्रक्रियाओं से जोड़ा है।
चार्जशीट के अनुसार परियोजना का ठेका एक निजी कंपनी को दिया गया था। जांच में सामने आया है कि कुछ वरिष्ठ अधिकारियों ने कथित तौर पर ठेकेदार कंपनी को लाभ पहुंचाने के लिए अधीनस्थ अधिकारियों पर दबाव बनाया और उनकी आपत्तियों व टिप्पणियों को निर्णय प्रक्रिया में उचित महत्व नहीं दिया। सीबीआई का यह भी आरोप है कि परियोजना तय समय में पूरी नहीं होने के बावजूद कंपनी को कई बार समय-विस्तार दिया गया।
जांच एजेंसी का कहना है कि विमल नेगी की मौत की जांच के दौरान मानसिक दबाव, प्रशासनिक प्रताड़ना और परियोजना से जुड़ी कथित अनियमितताओं के साक्ष्य मिले हैं। इन्हीं तथ्यों के आधार पर सीबीआई ने विशेष अदालत में चार्जशीट दाखिल की है। गौरतलब है कि 10 मार्च 2025 को लापता हुए विमल नेगी का शव 18 मार्च को गोविंदसागर क्षेत्र से बरामद हुआ था।






