मणिमहेश यात्रा से पहले हड़सर वासियों का बड़ा फैसला, इस बार लंगर समितियों को नहीं देंगे निजी जमीन
चंबा: विश्व प्रसिद्ध श्री मणिमहेश यात्रा इस वर्ष 4 सितंबर से शुरू होने जा रही है। यात्रा को लेकर प्रशासन तैयारियों में जुटा है और मार्गों की मरम्मत सहित अन्य व्यवस्थाओं पर काम किया जा रहा है। इसी बीच यात्रा के प्रमुख पड़ाव हड़सर के ग्रामीणों ने एक अहम फैसला लिया है। उन्होंने घोषणा की है कि इस बार यात्रा के दौरान किसी भी लंगर सेवा समिति को अपनी निजी भूमि या भवन किराये पर नहीं दिया जाएगा। ऐसे में लंगर समितियों को अपनी व्यवस्था स्वयं करनी होगी।
ग्रामीणों का कहना है कि यह निर्णय ईको डेवलपमेंट कमेटी (EDC) के एकतरफा नियमों के विरोध में लिया गया है। उनका आरोप है कि ईडीसी ने स्थानीय छोटे दुकानदारों पर तो सख्त नियम लागू किए हैं, लेकिन यात्रा मार्ग पर सबसे अधिक गंदगी और अव्यवस्था फैलाने वाले बड़े लंगरों के लिए कोई स्पष्ट नियम नहीं बनाए।
हड़सर के पूर्व प्रधान महिंदर शर्मा ने कहा कि स्थानीय लोगों के साथ भेदभाव बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। यदि सभी के लिए समान नियम लागू नहीं किए गए तो ग्रामीण अपने फैसले पर कायम रहेंगे। उनका कहना है कि यात्रा व्यवस्था में स्थानीय लोगों के हितों और पर्यावरण संरक्षण, दोनों का समान रूप से ध्यान रखा जाना चाहिए।






