मानसून का कहर, सैकड़ों सड़कें-बिजली ट्रांसफार्मर ठप
हिमाचल प्रदेश में लगातार दो दिनों से हो रही भारी बारिश ने जनजीवन को बुरी तरह प्रभावित कर दिया है। प्रदेशभर में भूस्खलन और जलभराव के चलते करीब 310 सड़कें बंद, 400 बिजली ट्रांसफार्मर ठप और 50 पेयजल योजनाएं प्रभावित हो गई हैं। मौसम विभाग ने आज भी कई जिलों के लिए भारी बारिश का येलो अलर्ट जारी किया है।
राजधानी शिमला के संजौली कॉलेज के पास बोथवेल क्षेत्र में शनिवार तड़के फिर भारी भूस्खलन हुआ, जिससे तीन से चार मकानों पर खतरा मंडरा गया। वहीं रझाणा में दो वाहन मलबे में दब गए, जबकि मिनी कुफ्टाधार और शांकली में भी नुकसान की खबर है। राहत की बात यह रही कि किसी तरह की जनहानि नहीं हुई।
बीते 24 घंटों में नाहन में सबसे अधिक 158.9 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई। मौसम विभाग के अनुसार 17 जुलाई तक प्रदेश में हल्की से मध्यम बारिश का दौर जारी रहेगा, जबकि चंबा, कांगड़ा, शिमला और मंडी समेत कई जिलों में भारी बारिश की संभावना जताई गई है। प्रशासन ने लोगों से भूस्खलन संभावित क्षेत्रों, नदियों और नालों से दूर रहने तथा मौसम संबंधी एडवाइजरी का पालन करने की अपील की है।






