हिमाचल में सितंबर तक खनन पर पूर्ण प्रतिबंध, उल्लंघन करने वालों पर होगी सख्त कार्रवाई
शिमला: हिमाचल प्रदेश में मानसून सीजन को देखते हुए सितंबर माह तक खनन पर पूरी तरह से रोक लगा दी गई है। अवैध खनन करने वालों पर सरकार सख्त है। सरकार की ओर से कड़ी कार्यवाई करने के निर्देश दिए गए हैं। उद्योग मंत्री हर्षवर्धन चौहान ने हिमाचल-पंजाब सीमा पर हो रहे अवैध खनन को लेकर कड़ा रुख अपनाया है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार अवैध खनन के खिलाफ लगातार कार्रवाई कर रही है और वर्तमान में सितंबर माह तक खनन गतिविधियों पर पूर्ण प्रतिबंध लागू है।
सितंबर माह तक खनन पर पूर्ण प्रतिबंध लागू
उद्योग मंत्री हर्षवर्धन चौहान ने कहा कि हिमाचल-पंजाब सीमा पर अवैध खनन के मामलों में सरकार सख्त कार्रवाई कर रही है। जहां भी अवैध खनन की शिकायतें सामने आती हैं, वहां संबंधित विभागों की जिम्मेदारी तय की जाती है। फिलहाल सितंबर माह तक खनन पर पूर्ण प्रतिबंध लागू है। वहीं, नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कार्रवाई जारी रहेगी।
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बल्क ड्रग पार्क परियोजना का कार्य प्रगति पर: उद्योग मंत्री
बल्क ड्रग पार्क परियोजना को लेकर मंत्री हर्षवर्धन चौहान ने कहा कि परियोजना का कार्य तेजी से आगे बढ़ रहा है और अब तक करीब 15 से 20 प्रतिशत काम पूरा हो चुका है। उन्होंने बताया कि कुछ टेंडर प्रक्रियाएं शेष हैं, जिन्हें जल्द अंतिम रूप दिया जाएगा। परियोजना क्षेत्र में बिजली आपूर्ति से जुड़ा लगभग 75 प्रतिशत और पानी की व्यवस्था से जुड़ा 95 प्रतिशत कार्य पूरा हो चुका है। वहीं सड़क निर्माण के लिए लोक निर्माण विभाग को धनराशि जारी कर दी गई है और यहां डबल लेन सड़क का निर्माण किया जाएगा।
"राम मंदिर किसी एक राजनीतिक दल की संपत्ति नहीं"
राम मंदिर चढ़ावा चोरी मामले को लेकर उद्योग मंत्री ने भाजपा पर हमला बोला। हर्षवर्धन चौहान ने कहा कि राम मंदिर का निर्माण पूरे देश के लिए गर्व की बात है, लेकिन आस्था के नाम पर किसी भी प्रकार की गड़बड़ी या चोरी स्वीकार्य नहीं हो सकती। राम मंदिर किसी एक राजनीतिक दल की संपत्ति नहीं, बल्कि करोड़ों हिंदुओं की आस्था का प्रतीक है।
"राम का नाम बेचा गया, मंदिर भाजपा का कोई ट्रेड मार्क नहीं"
उद्योग मंत्री ने कहा कि कांग्रेस को भी इस मामले में सवाल पूछने का पूरा अधिकार है। आस्था से जुड़े मामलों में पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित होनी चाहिए। उन्होंने आरोप लगाया कि राम का नाम बेचा गया, राम के नाम पर वोट मांगे, मंदिर कोई भाजपा का ट्रेड मार्क नहीं है, ये हिंदुओं की आस्था की बात है। कांग्रेस को इस पर सवाल पूछने का हक क्यों नहीं है? भाजपा के पास राम का कोई कॉपीराइट नहीं है।






