'पहाड़न बेकर्स' की संस्थापक रुचिका भंगलिया की बड़ी उपलब्धि, दक्षिण कोरिया की सबसे ऊंची चोटी फतह कर रचा इतिहास
पालमपुर (कांगड़ा)। हिमाचल प्रदेश की बेटियां आज हर क्षेत्र में अपनी प्रतिभा का लोहा मनवा रही हैं। इसी कड़ी में कांगड़ा जिले के पालमपुर उपमंडल के लोअर खेड़ा गांव की बेटी एवं 'पहाड़न बेकर्स' की संस्थापक रुचिका भंगलिया (34 वर्ष) ने दक्षिण कोरिया की सबसे ऊंची पर्वत चोटी हल्लासन (Hallasan) को सफलतापूर्वक फतह कर प्रदेश और देश का नाम अंतरराष्ट्रीय स्तर पर गौरवान्वित किया है।
रुचिका ने 8 जुलाई 2026 को लगभग 1,947 मीटर ऊंची इस प्रसिद्ध ज्वालामुखीय पर्वत चोटी पर सफलतापूर्वक पहुंचकर अपनी उपलब्धि दर्ज की। हल्लासन दक्षिण कोरिया की सबसे ऊंची चोटी होने के साथ-साथ देश के सबसे लोकप्रिय प्राकृतिक और ट्रेकिंग स्थलों में शुमार है। चुनौतीपूर्ण ट्रेक और मनमोहक प्राकृतिक सौंदर्य के लिए प्रसिद्ध इस शिखर को फतह करना किसी भी पर्वत प्रेमी के लिए एक बड़ी उपलब्धि माना जाता है।
दिल्ली में रहते हुए अपना उद्यम 'पहाड़न बेकर्स' संचालित करने वाली रुचिका लंबे समय से ट्रेकिंग और पर्वतारोहण की शौकीन हैं। व्यस्त पेशेवर जीवन के बावजूद उन्होंने अपने जुनून को कभी पीछे नहीं छोड़ा और कठिन पर्वतीय अभियानों में लगातार भाग लेकर अपनी अलग पहचान बनाई है।
अपनी इस सफलता पर रुचिका ने कहा कि यह उपलब्धि केवल उनकी व्यक्तिगत सफलता नहीं है, बल्कि हिमाचल प्रदेश की उन सभी बेटियों को समर्पित है जो अपने सपनों को पूरा करने का साहस रखती हैं। उन्होंने कहा कि यदि लक्ष्य स्पष्ट हो और मेहनत के साथ आगे बढ़ा जाए तो दुनिया की कोई भी ऊंचाई असंभव नहीं होती।
रुचिका की इस ऐतिहासिक उपलब्धि पर पालमपुर और आसपास के क्षेत्र में खुशी का माहौल है। स्थानीय लोगों ने इसे पूरे क्षेत्र के लिए गर्व का क्षण बताते हुए कहा कि गांव की बेटी ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर हिमाचल का नाम रोशन किया है। उनकी सफलता युवाओं, विशेषकर बेटियों के लिए प्रेरणादायक मिसाल है, जो यह संदेश देती है कि दृढ़ संकल्प और आत्मविश्वास के दम पर हर शिखर को हासिल किया जा सकता है।






