शिमला में ट्रैफिक सुधार की बड़ी योजना: 1200 करोड़ की लागत से बनेंगी हाइड्रोलिक पार्किंग, 15 स्थानों का चयन
शिमला में बढ़ते ट्रैफिक और पार्किंग संकट से निपटने के लिए अब हाइड्रोलिक पार्किंग का निर्माण किया जाएगा। इसके तहत शहर के करीब 15 स्थानों को चिन्हित किया गया है और यह परियोजना शहरी विकास योजना के तहत लगभग 1200 करोड़ रुपये की लागत से पूरी की जाएगी।
यह जानकारी लोक निर्माण मंत्री विक्रमादित्य सिंह ने 14वीं जिला शिमला आईटीआई स्पोर्ट्स मीट (महिला) के समापन समारोह में बतौर मुख्य अतिथि शिरकत के दौरान दी। उन्होंने कहा कि इस महत्वाकांक्षी योजना से न केवल शिमला की ट्रैफिक व्यवस्था में सुधार होगा, बल्कि लोगों को आधुनिक और सुव्यवस्थित पार्किंग सुविधाएं भी मिलेंगी।
मंत्री ने बताया कि केंद्र सरकार ने भी शिमला सहित कई प्रमुख परियोजनाओं को प्राथमिकता देने का आश्वासन दिया है। इनमें ट्रैफिक भीड़ कम करने, हाइड्रोलिक पार्किंग, भूमिगत उपयोगिता पाइपलाइन और कांगड़ा एयरोसिटी जैसी योजनाएं शामिल हैं।
इस अवसर पर उन्होंने कहा कि खेल और स्किल शिक्षा युवाओं के सर्वांगीण विकास की कुंजी है। आईटीआई संस्थानों में तकनीकी शिक्षा के साथ-साथ रोजगार के अवसर भी बढ़ रहे हैं, जिससे युवा आत्मनिर्भर बन रहे हैं।












