शिमला में हाईवोल्टेज ड्रामा: कांग्रेस नेता युद्धवीर सिंह बोले-'मुझे अगवा करना चाहती है पुलिस, जान को खतरा'
शिमला। शिमला में गुरुवार सुबह उस समय माहौल गरमा गया जब कांग्रेस नेता युद्धवीर सिंह बैंस को पुलिस ने कार्ट रोड पर रोक लिया। बताया जा रहा है कि बैंस किसी जरूरी काम से अपनी गाड़ी में जा रहे थे, तभी पुलिस ने उन्हें बीच सड़क पर रुकने के लिए कहा।
इस दौरान बैंस ने पुलिस कार्रवाई का विरोध करते हुए सवाल उठाया कि आखिर उन्हें किस आधार पर रोका जा रहा है। मौके पर मौजूद पुलिसकर्मियों ने जवाब दिया कि उन्हें “ऊपर से आदेश” मिले हैं। इस पर बैंस ने गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि उन्होंने प्रदेश के मुख्यमंत्री के खिलाफ ईडी में शिकायत दी है, जिसके चलते उन्हें निशाना बनाया जा रहा है।
घटना के दौरान माहौल तब और तनावपूर्ण हो गया जब बैंस ने मौके पर मौजूद लोगों से कहा-“मत जाओ, ये लोग मेरा मर्डर कर देंगे।” उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि पुलिस उन्हें अगवा करने की कोशिश कर रही है। बैंस ने चेतावनी दी कि यदि उनके साथ कोई अनहोनी होती है तो इसके लिए मौके पर मौजूद पुलिसकर्मी जिम्मेदार होंगे।
बैंस ने यह भी कहा कि उनकी तबीयत ठीक नहीं है और उन्हें अस्पताल जाना है, लेकिन इसके बावजूद पुलिस ने उन्हें रोके रखा।
सोशल मीडिया पर भी लगाए आरोप
घटना के बाद बैंस ने अपने फेसबुक अकाउंट पर एक विस्तृत पोस्ट साझा करते हुए प्रदेश सरकार और पुलिस पर गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने दावा किया कि प्रदेश के मुखिया के “फरमान” पर उन्हें अगवा करने की कोशिश की गई।
पुलिस पर पीछा करने का आरोप
अपने पोस्ट में बैंस ने कहा कि उन्हें हिमाचल हाईकोर्ट और सुप्रीम कोर्ट से जमानत मिल चुकी है। इसके बावजूद 7 अप्रैल को हाईकोर्ट में सुनवाई के बाद से पुलिस उनका लगातार पीछा कर रही थी।
उन्होंने आरोप लगाया कि उन्हें उनके वकील के चैंबर के बाहर और कांग्रेस प्रदेश मुख्यालय के बाहर भी रोका गया। इसके अलावा 8 अप्रैल को उस होटल में भी पुलिस द्वारा पूछताछ की गई, जहां उनका बेटा और वकील ठहरे हुए थे।
पुलिस का बयान अभी बाकी
बैंस ने कहा कि राजधानी में इस तरह की घटनाएं बेहद चिंताजनक हैं। हालांकि, इस पूरे मामले में अब तक पुलिस की ओर से कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है।












