भारी तूफान और बारिश ने लडभड़ोल क्षेत्र में मचाई तबाही, घरों और गौशालाओं को नुकसान, बिजली आपूर्ति ठप
सोमवार सुबह लडभड़ोल तहसील क्षेत्र में आई तेज आंधी, बारिश और तूफान ने जमकर कहर बरपाया। ग्वाला, सांडापतन, भ्रां और आसपास के क्षेत्रों में इस प्राकृतिक कहर से जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया। कई घरों, गौशालाओं और सरकारी भवनों को नुकसान पहुंचा है, वहीं बिजली आपूर्ति भी पूरी तरह से ठप हो गई है। ग्वाला गांव में माया देवी के घर की छत तेज तूफान की चपेट में आकर उड़ गई। इसी गांव के शेर सिंह की गौशाला गिरने से उसमें बंद गाय घायल हो गई। अनिता देवी के हाल ही में बनाए गए रसोई घर की छत भी तूफान में उड़ गई। भ्रां में लडभड़ोल-सांडापतन सड़क पर एक विशाल पेड़ आ गिरा, जिससे मार्ग पूरी तरह अवरुद्ध हो गया। यह पेड़ बिजली की तारों पर भी गिरा, जिससे क्षेत्र में विद्युत आपूर्ति बाधित हो गई। महिला मंडल भवन की छत भी तूफान की भेंट चढ़ गई। वहीं सुभाष की गौशाला की छत भी तेज हवाओं में उड़ गई। लडभड़ोल स्थित वेटरनरी अस्पताल का बाहरी हिस्सा भी तूफान में क्षतिग्रस्त हो गया है। अस्पताल के लिए नया भवन स्वीकृत हो चुका है, लेकिन पीडब्ल्यूडी द्वारा अब तक कोई कार्रवाई नहीं की गई है। विद्युत उपमंडल लडभड़ोल और मकरीडी को भी इस तूफान और बारिश से भारी नुकसान हुआ है। लाखों रुपये की क्षति के साथ पूरे क्षेत्र में बिजली आपूर्ति ठप है। विद्युत विभाग के कर्मचारी आपूर्ति बहाल करने में जुटे हुए हैं। प्रशासन से प्रभावित क्षेत्रों में राहत और पुनर्स्थापना के लिए शीघ्र कदम उठाने की मांग की जा रही है।












