सिरमौर के गोरखा समुदाय की बेटियों ने लहराया परचम
हिमाचल प्रदेश स्कूल शिक्षा बोर्ड के 10वीं और 12वीं कक्षा के नतीजों ने सिरमौर जिले के गोरखा समुदाय में खुशी की लहर दौड़ा दी है। जलापड़ी गांव की निहारिका गुरुंग, बेटी शालू गुरुंग और निखिल गुरुंग ने 12वीं कक्षा में शानदार प्रदर्शन करते हुए 500 में से 433 अंक (86.6%) प्राप्त किए हैं। वहीं, गुन्नू घाट की सारिका बजगाई, बेटी पार्वती बजगाई और बाला राम बजगाई ने 10वीं कक्षा की परीक्षा में उत्कृष्ट प्रदर्शन करते हुए 700 में से 667 अंक (95.25%) हासिल किए हैं। इन दोनों बेटियों की इस असाधारण सफलता पर सिरमौर गोरखा संगठन नाहन ने गर्व व्यक्त किया है। संगठन के प्रधान रणजीत सिंह राणा ने इन प्रतिभाशाली बेटियों और उनके परिवारों को हार्दिक बधाई दी है। उन्होंने कहा कि निहारिका और सारिका ने अपनी कड़ी मेहनत और समर्पण से यह महत्वपूर्ण उपलब्धि हासिल कर पूरे समुदाय को गौरवान्वित किया है। रणजीत सिंह राणा ने कहा कि इन बेटियों की सफलता अन्य युवाओं के लिए एक प्रेरणास्रोत है। उन्होंने उनके उज्जवल भविष्य की कामना करते हुए विश्वास जताया कि वे आगे भी इसी तरह सफलता की नई ऊंचाइयों को छूती रहेंगी। इन बेटियों की शानदार सफलता से उनके गांवों और पूरे क्षेत्र में उत्साह का माहौल है, जहां परिवारजन और शुभचिंतक उन्हें बधाई दे रहे हैं। यह सफलता न केवल इन बेटियों के व्यक्तिगत प्रयासों का परिणाम है, बल्कि उनके परिवारों और शिक्षकों के समर्थन का भी प्रतीक है। सिरमौर गोरखा संगठन ने इन बेटियों की उपलब्धि को समुदाय के लिए एक महत्वपूर्ण क्षण बताया है। संगठन का मानना है कि इन बेटियों ने शिक्षा के क्षेत्र में उत्कृष्ट प्रदर्शन कर अन्य युवाओं को भी प्रेरित किया है। रणजीत सिंह राणा ने कहा कि संगठन हमेशा शिक्षा को महत्व देता है और इन बेटियों की सफलता इस बात का प्रमाण है कि कड़ी मेहनत और लगन से किसी भी लक्ष्य को प्राप्त किया जा सकता है। बरहाल यह खबर सिरमौर जिले में शिक्षा और समुदाय के बीच एक सकारात्मक संदेश लेकर आई है, जहां बेटियों की सफलता को पूरे उत्साह के साथ मनाया जा रहा है।












