सोलन अस्पताल में देरी से मिल रही एक्स-रे रिपोर्ट, उपचार के लिए करना पड़ रहा इंतजार
जिले के सब से बड़े क्षेत्रीय अस्पताल सोलन में रोगियों को 5 से छह घंटे बाद एक्स-रे की रिपोर्ट मिलने से तुरंत उपचार नहीं मिल पा रहा है। रोगियों को दी जा रही एक्स-रे फिल्म धुंधली होने से डॉक्टरों को इसे समझने में दिक्कत आ रही है। इससे जहां मरीज परेशान हैं, वहीं डॉक्टरों को भी उपचार करने में दिक्कत आ रही है। मरीजों को अधिकतर परेशानी आपात स्थिति में आती है। इस दौरान मरीज को उपचार देने के लिए केवल एक्स-रे फिल्म से ही काम चलाना पड़ रहा है। हालांकि, इस समस्या के बारे में मरीज अस्पताल प्रबंधन को बता चुके हैं, लेकिन समस्या का समाधान नहीं हो पाया है। बता दें कि क्षेत्रीय अस्पताल जिले का सबसे बड़ा अस्पताल है। यहां पर सोलन ही नहीं, बल्कि जिला शिमला और सिरमौर से भी मरीज अपना उपचार करवाने के लिए पहुंचते हैं। अस्पताल में हड्डी रोग विशेषज्ञ, मेडिसिन समेत अन्य चिकित्सक हैं, जो बीमारी का पता लगाने के लिए एक्स-रे करवाने की सलाह देते हैं। ऐसे में क्षेत्रीय अस्पताल में रोजाना 70 से 80 एक्स-रे होते हैं। एक्स-रे के लिए सिस्टम को पीपीई मोड पर क्रस्ना कंपनी को दिया गया है। कंपनी के कर्मी मरीजों के एक्स-रे तुरंत कर फिल्म तो दे देते हैं, लेकिन जब उनसे रिपोर्ट मांगी जाती है, तो उसके लिए छह घंटे तक रुकने के लिए कहते हैं। कई बार मरीजों को रिपोर्ट लेने के लिए अगले दिन भी अस्पताल आना पड़ता है। हालांकि कई मरीज फिल्म के सहारे ही उपचार करवा रहे हैं। कंपनी कर्मचारियों की माने, तो एक्स-रे रिपोर्ट क्रस्ना लैब के हेड ऑफिस से आती है। इसके चलते समय लग जाता है।
धुंधली फिल्म से चिकित्सक भी सही
प्रकार से नहीं पकड़ पा रहे बीमारी दूसरी ओर कई बार धुंधली फिल्म आने के कारण चिकित्सक भी सही प्रकार से बीमारी को नहीं पकड़ पा रहे हैं। ऐसे में काफी परेशानी मरीजों को झेलनी पड़ रही है। वहीं, कई बार मरीजों को दोबारा एक्स-रे करवाने पर भी मजबूर होना पड़ रहा है। अगर मरीज को एक्स-रे की रिपोर्ट की आवश्यकता होती है, तो उसे करीब छह घंटे का इंतजार करना पड़ता है।