तीन वर्ष में चंबा के 15 गांव बनेंगे आदर्श गांव: डीसी
एचडीएफसी बैंक द्वारा प्रायोजित समग्र ग्रामीण विकास कार्यक्रम का विधिवत शुभारंभ बचत भवन चंबा में उपायुक्त मुकेश रेपसवाल द्वारा किया गया। इस अवसर पर परियोजना के प्रायोजक एचडीएफसी बैंक के प्रतिनिधियों के अलावा परियोजना को क्रियान्वित करने जा रही आश्रय फाउंडेशन के अधिकारी व कर्मचारी भी उपस्थित थे। उपायुक्त मुकेश रेपसवाल ने कहा कि यह प्रोजेक्ट जिला चंबा के लिए एचडीएफसी बैंक द्वारा आश्रय फाउंडेशन के माध्यम से एक बहुत महत्वपूर्ण पहल है जिसका मुख्य उद्देश्य जिला चंबा की विभिन्न ग्राम पंचायतों के 15 गांवों में विकास के विभिन्न कार्यों के द्वारा इन गांवों को विकसित कर आत्मनिर्भर बनाना है। तीन वर्षों के पश्चात अवश्य ही इन सभी गांवों के लोगों की आर्थिकी में सुधार होगा। उपायुक्त ने एचडीएफसी बैंक की सीएसआर संस्था एचडीएफसी परिवर्तन व आश्रय फाउंडेशन का आह्वान किया कि वे इस प्रोजेक्ट के तहत जिला में उच्च स्तरीय प्रतियोगी परीक्षाओं तथा सुपर स्पेशियलिटी मेडिकल कैंप के लिए प्रशासन के साथ मिलकर कार्य करें। उपायुक्त ने कहा डिजिटल/ आईटी लिटरेसी के क्षेत्र में भी ग्रामीण क्षेत्रों में बहुत कुछ किया जाना अभी बाकी है। उन्होंने संस्था प्रतिनिधियों से अपील कि वे डिजिटल/ आईटी लिटरेसी/ सोशल मीडिया के बारे में भी लोगों को जागरूक करें। इससे पूर्व आश्रय फाउंडेशन की ओर से डॉ. नवीन शर्मा ने उपायुक्त चंबा तथा अन्य गणमान्य अतिथियों का स्वागत कर उन्हें विधिवत सम्मानित किया। डॉ. नवीन ने आश्चर्य संस्था द्वारा जिला चंबा में किए जाने वाले कार्यों के विषय में विस्तृत विवरण प्रस्तुत किया। उन्होंने बताया कि इस 3 वर्षीय परियोजना के दौरान संबंधित गांवों में कृषि, बागवानी, ग्रामीण विकास तथा स्वरोजगार से संबंधित अनेक गतिविधियां व कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। कार्यक्रम में एचडीएफसी बैंक के क्लस्टर हेड सुमित आनंद ने जिला चंबा सहित हिमाचल प्रदेश में एचडीएफसी बैंक द्वारा किए जा रहे कार्यों एवं गतिविधियों बारे भी विस्तृत विवरण प्रस्तुत किया।
ये गांव होंगे विकसित
जिले के गांव कियानी, रूपनी, राजपुरा, राजनगर, पुखरी, भूमन, सुराल, हरीपुर, नामू, उदयपुर खास, सरू, भारू, सुरेन, रिंडा तथा गैला में समग्र ग्रामीण विकास कार्यक्रम अगले 3 वर्ष तक कार्य करेगा। इस दौरान विकास के लिए निर्धारित लक्ष्यों को हासिल करते हुए इन गांवों को एक आदर्श गांव के रूप में विकसित किया जाएगा।