सपरून के दोहरी दीवाल में नेशनल हाईवे पर दरकती पहाड़ी पर लगी रिटेनिंग वॉल
नेशनल हाईवे-5 के दोहरी दीवाल में एनएचएआई के लिए चुनौती बनी दरकती पहाड़ी को रोकने के लिए आखिरकार करीब कई महीनों की मशक्त के बाद रिटेनिंग वॉल लगाने का कार्य पूरा हो गया है। इससे नेशनल हाईवे पर बार-बार लग रहे जाम से निजात मिली है साथ ही सुबाथू आना-जाना भी सुरक्षित हुआ है। निर्माण कंपनी के लिए यहां बरसात के दौरान हुए भूस्खलन का मलबा हटाना चुनौती भरा था। इस कार्य को पूरा करने में करीब एक महीने से अधिक का समय लग गया। इसके बाद दरकी पहाड़ी को सुरक्षित करने के लिए इसमें सुरक्षा दीवार लगाने का कार्य भी युद्धस्तर पर किया गया। पहाड़ी इतनी कच्ची है कि इससे बार-बार मिट्टी गिर रही है। सुरक्षा दीवार लगने से पहाड़ी दरकने का खतरा कम हो जाएगा। बरसात के दौरान पहाड़ी से नेशनल हाईवे पर आए मलबे के कारण यहां पर हमेशा जाम की स्थिति रहती है। हाईवे से सुबाथू रोड का डायवर्जन बंद होने से इस रूट पर चलने वाले वाहन चालकों को पिछले करीब एक साल से खासी दिक्कतें पेश आ रही हैं।
कई जगह अब भी सिंगल लेन पर ट्रैफिक
हाईवे पर अब भी कई जगह सिंगल लेन पर ट्रैफिक चल रहा है। पिछले साल कई सड़कें धंसी, तो कहीं पहाड़ी से लैंड स्लाइड हुआ, जिसमें खासकर पट्टा मोड़, सनवारा और दत्यार के आसपास का एरिया है। कुमारहट्टी के समीप पट्टा मोड़ में सिंगल लेन पर ट्रैफिक चल रहा है। यहां दूसरी लेन बनाने की प्रक्रिया चल रही है, लेकिन अभी तक यह कार्य पूरा नहीं हो पाया है।
सुरक्षा दीवार बनाने में लगे तीन महीने
निर्माण कार्य में लगी कंपनी के लिए दरकती पहाड़ी पर सुरक्षा दीवार लगाना चुनौती भरा था पर निर्माण कंपनी ने दिन-रात कार्य चालू रखा। इस कार्य को पूरा होने में करीब तीन महीने का समय लग गया। ऐसे में पहाड़ी को छेड़े बिना ही यहां पर आरसीसी की दीवार लगाई जा रही है। सर्दियों में कम बारिश से सुरक्षा दीवार लगाने का कार्य आसान हुआ। अब इससे नेशनल हाईवे पर लग रहे जाम से लोगों को निजात मिलेगी। खासकर सुबाथू रोड पर आवागमन करने वाले चालकों को बड़ी राहत मिलेगी। सुबाथू रोड का डायवर्जन खुलने की उ्मीद जगी है। हाईवे अथॉरिटी परवाणू-सोलन और सोलन-कैथलीघाट के बीच हाईवे पर पहाडिय़ों को दरकने से रोकने के लिए हर संभव प्रयास कर रही है। चक्की मोड़, कोटी, जाबली और सोलन के सपरून सहित कंडाघाट के आसपास के क्षेत्रों में ऐसे ही हालात बने हैं। लिहाजा हाइवे पर लैंड स्लाइड कंट्रोल करना एनएच सहित हाइवे निर्माता कंपनी के लिए सिर दर्द बन गया है। ढलानों की मजबूती बढ़ाने के लिए विभिन्न तकनीकों का उपयोग किया जा रहा है, जिसमें रिटेनिंग वॉल्स, गेबियन स्ट्रक्चर्स और ग्राउंड कवर प्लांटेशन शामिल हैं।