डीजीपी के आदेश-ऊना में नपे जाएं असामाजिक तत्व
जिले में संगीन मामलों की बढ़ती घटनाओं और कई घटनाओं चर्चित होने के बाद डीजीपी यहां पहुंचे हैं। बता दें कि जिले में फिरौती, खनन और मादक पदार्थों की तस्करी के मामले लगातार बढ़ रहे हैं। इस बीच पुलिस महानिदेशक हिमाचल प्रदेश अतुल वर्मा ने ऊना जिले का दौरा किया। इस दौरान उन्होंने पुलिस लाइन झलेड़ा में पुलिस महानिरीक्षक उत्तरी खंड अभिषेक दुल्लर, पुलिस अधीक्षक ऊना राकेश सिंह सहित अन्य पुलिस अधिकारियों के साथ बैठक की, जिसमें उन्होंने असामाजिक तत्वों पर तुरंत प्रभाव से अंकुश लगाने के आदेश दिए। जानकारी के अनुसार कुछ दिनों में जिले के कुछ कारोबारियों को फिरौती की एवज में धमकाने के मामले सामने आए हैं। इसमें शिकायतें मिलने से जिला चर्चित हो गया था। जानकारी यह भी मिली थी कि इसमें एक कारोबारी को मारने के लिए पंजाब के एक शूटर ने ऊना में पिस्तौल और कारतूस भी छिपाए। हालांकि समय रहते किसी सूचना पर पंजाब पुलिस ने आरोपी को दबोच लिया। अब अचानक पुलिस महानिदेशक का दौरा इसका ही एक कारण माना जा रहा है। ऊना जिला पंजाब के साथ सटा हुआ है और सुरक्षा की दृष्टि से यह अति संवेदनशील है। यहां पूर्व में भी कई संगीन मामले सामने आ चुके हैं। हाल ही में व्यापारी से फिरौती और पिस्तौल तथा कारतूस छिपाने के साथ साथ शूटर पकड़े जाने के मामले को पुलिस महानिदेशक के ऊना दौरे का अहम कारण माना जा रहा है। इसके अलावा जिले में हेरोइन और अवैध शराब की तस्करी पुलिस कार्रवाई के बावजूद नहीं रुक रही। वहीं, अवैध खनन को लेकर बनाए नियम और चालान काटना भी नाकाफी साबित हो रहा है। इन्हीं मुद्दों पर पुलिस महानिदेशक ने पुलिस अधिकारियों के साथ पुलिस लाइन झलेड़ा में बैठक की। इसमें जिला ऊना में कानून व्यवस्था, यातायात संचालन, खनन और मादक पदार्थों की तस्करी और दड़ा-सट्टा के कारोबार पर अंकुश लगाने के लिए रणनीति बनाने के लिए निर्देश दिए गए। पुलिस महानिदेशक ने सीमावर्ती जिला ऊना में बेहतर कानून व्यवस्था और सुचारु यातायात प्रबंधन के लिए दिशा निर्देश दिए। उन्होंने फिरौती की घटनाओं का भी कड़ा संज्ञान लिया और ऐसी गतिविधियों में संलिप्त आपराधिक तत्वों पर तुरंत प्रभाव से अंकुश लगाने के सख्त आदेश दिए। पुलिस अधीक्षक राकेश सिंह ने कहा कि जिले में आपराधिक घटनाओं की रोकथाम को लेकर पुलिस महानिदेशक हिमाचल प्रदेश अतुल वर्मा के मार्गदर्शन में विचार-विमर्श किया गया, जल्द बेहतर रणनीति तैयार कर उसे लागू किया जाएगा। जानकारी के मुताबिक पंजाब के एक गैंगस्टर रवि बलाचौरिया ने ऊना के कारोबारी से फिरौती मांगी थी। फिरौती न देने पर गैंग ने उसे जान से मारने की भी धमकी दे रखी थी। शुरुआत में कारोबारी ने भी इसे हल्के में लिया और दूसरी ओर गैंग ने कारोबारी को मारने की योजना तैयार कर ली थी। हत्या के लिए एक पिस्तौल भी ऊना में किसी जगह छिपा दी गई। इसी बीच पंजाब पुलिस ने जालंधर-पठानकोट रोड पर रायपुर रसूलपुर में होशियारपुर निवासी एक शूटर मनी को गिरफ्तार किया। इससे एक पिस्तौल और दो कारतूस बरामद हुए। पूछताछ में पंजाब पुलिस को मनी ने बताया कि वह गैंगस्टर रवि बलाचौरिया के साथ काम करता है। उसे ऊना के कारोबारी को मारने का काम सौंपा गया था। इसके बाद पंजाब पुलिस की पूछताछ में खुलासा होने के बाद ऊना पुलिस ने रवि बलाचौरिया गैंग और उसकी गैंग के दो शूटर के खिलाफ स्वत: संज्ञान लेते हुए मामला दर्ज कर लिया। हालांकि इससे पहले भी कथित तौर पर कुछ अन्य कारोबारियों से फिरौती मांगे जाने के मामले सामने आए। ये मामले प्रदेशभर में चर्चा का विषय बने हुए हैं। ऐसे मामलों के बाद जिले में व्यापार से जुड़े लोगों में भय का माहौल होना स्वाभाविक है।