हिमाचल भाजपा को जल्द मिल सकता है नया अध्यक्ष!
कांग्रेस की तर्ज पर भाजपा भी अध्यक्ष पद को लेकर आम राय का फार्मूला खोज रही है। शीर्ष नेतृत्व के पास नामों की सूची दाखिल हो चुकी है। आधा दर्जन से ज्यादा नाम स्कूटीनी टेबल पर है, एक पखवाड़ा से सभी सुझाए के नामों में से किसी एक पर ग्रीन सिग्नल मिलने का इंतजार है। पार्टी सूत्र बताते हैं कि लोकतांत्रिक प्रणाली उनके दल का प्रमुख हथियार है, सभी को विश्वास में लेकर काम होता है, परस्पर समन्वय के साथ आगे बढ़ा जाता है। गुटबाजी के लिए कोई स्थान नहीं है, सभी को अपनी बात रखने का अधिकार है। तमाम पहलुओं की जांच-पड़ताल हो चुकी है, कभी भी नए अध्यक्ष पद का फैसला आ सकता है। शिमला, कांगड़ा व हमीरपुर संसदीय क्षेत्रों से अध्यक्ष पद के दावेदार सबसे ज्यादा है। कांगड़ा से सांसद राजीव भारद्वाज, पूर्व विधानसभा अध्यक्ष व विधायक विपिन परमार, विधायक विक्रम ठाकुर सहित राज्यसभा सांसद इंदु गोस्वामी के नाम धीरे से आगे बढे हैं। शिमला संसदीय क्षेत्र से राज्यसभा सांसद डॉ. सिकंदर कुमार, पांच बार के विधायक रहे मौजूद प्रदेश अध्यक्ष डॉ. राजीव बिंदल के नाम भी सशक्त दावेदारों में आगे हैं। डॉ. बिंदल, अगर प्रदेश भाजपा के तीसरी बार अध्यक्ष बन जाते हैं, तो कहीं से भी हैरानी नहीं होगी। उनकी लॉबिंग जबरदस्त है। राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा से उनकी नजदीकी नजदीकियां जग-जाहिर हैं, यही नजदीकियां उनके अध्यक्ष पद की राह को आसान बनाती है। हालिया हमलावर तेवरों से उनके सिर पर तीसरी बार अध्यक्ष पद का ताज सज सकता है। हमीरपुर संसदीय क्षेत्र से विधायक त्रिलोक जम्वाल सहित विधायक रणधीर शर्मा के नाम भी पुख्ता रूप से मजबूत हुए हैं, दोनों विधायक तेज-तरार हैं और किसी एक पर मोहर लग जाए, इस संभावना से भी इंकार ने किया जा सकता।