चिट्टा तस्करी का मुय आरोपी किया गिरफ्तार
चिट्टे जैसे घातक नशे को प्रदेश में लाकर युवाओं को धीमी मौत परोस रहे नशे के एक सौदागर को गगरेट पुलिस ने धर दबोचने में सफलता हासिल की है। बताया जा रहा है कि पांच नवंबर को तीस ग्राम चिट्टे की खेप के साथ पकड़े गए दो आरोपियों से गहनता से हुई पूछताछ में नशे की खेप मंगवाने वाले का खुलासा हुआ था। पुलिस कई दिनों से मुख्य आरोपी को पकडऩे का प्रयास कर रही थी, लेकिन आरोपी पुलिस के हाथ नहीं लग रहा था। शनिवार को पुलिस ने बिलासपुर जिले की घुमारवीं तहसील के बल्ह संबंधित इस आरोपी को न सिर्फ गिरफ्तार किया, बल्कि इसका तीन दिन का पुलिस रिमांड भी हासिल कर लिया है। पुलिस को उम्मीद है कि इस मामले में पंजाब में बैठे चिट्टे के मुख्य सप्लायर की भी शीघ्र गिरफ्तारी हो सकती है। पांच नवंबर को गगरेट पुलिस ने गगरेट-होशियारपुर रोड पर लगाए गए नाके के दौरान मंडी व बिलासपुर जिले से संबंधित दो युवकों को तीस ग्राम चिट्टे की खेप के साथ गिरफ्तार किया था। पुलिस ने इनका पुलिस रिमांड हासिल करके इनसे गहनता से पूछताछ की तो पता चला कि उक्त आरोपी तो महज ड्रग पैडलर हैं बल्कि चिट्टे की खेप बिलासपुर जिले की घुमारवीं तहसील के राकेश कुमार उर्फ सोनू पुत्र ध्यान चंद द्वारा मंगवाई गई थी। होशियारपुर में बैठे ड्रग सप्लायर को भी राकेश कुमार ने ही 36 हजार रुपए आनलाइन पैसे ट्रांसफर किए थे। बताया जा रहा है कि राकेश कुमार की पहली नवंबर से लेकर पांच नवंबर तक होशियारपुर के ड्रग सप्लायर को करीब डेढ़ लाख रुपये की ट्रांसेक्शन की है। पुलिस के अनुसार राकेश कुमार बिलासपुर में लोगों को दिखाने के लिए ट्रक ड्राइवरी करता है लेकिन इसका मुख्य धंधा चिट्टे की सप्लाई का ही है। इससे पहले गिरफ्तार किए गए दो आरोपी अभी तक सलाखों के पीछे जेल में बंद हैं। इस मामले में अब तक यह तीसरी गिरफ्तारी है। माना जा रहा है कि इस मामले में जल्द ही पंजाब में बैठे ड्रग सप्लायर की भी गिरफ्तारी हो सकती है। डीएसपी डॉ. वसुधा सूद ने बताया कि चिट्टा तस्करी के एक मामले में गगरेट पुलिस को बड़ी कामयाबी मिली है। बिलासपुर से एक व्यक्ति को गिरफ्तार किया गया है। जल्द ही इस मामले में चौथी गिरफ्तारी हो सकती है।