संधोल कॉलेज बंद करने पर सेवा विकास एवं कल्याण समिति का विरोध
सेवा विकास एवं कल्याण समिति संधोल की अहम बैठक आज जनता सराय में अध्यक्ष मान सिंह सकलानी की अध्यक्षता में सम्पन्न हुई जिसमें संधोल के डिग्री कॉलेज को कम छात्रों की संख्या के चलते बंद करने की अफ़वाहों के बीच समिति ने गम्भीरता से विचार विमर्श किया।बैठक में चर्चा के दौरान उठे इस मुद्दे पर बोलते हुए विभिन्न सदस्यों ने चिंता व्यक्त करते हुए बताया कि प्रदेश सरकार कम छात्रों वाले महाविद्यालयों को बंद करने का निर्णय ले सकती है लेकिन उन्होंने बताया संधोल में स्थानीय लोंगों के काफी लंबे संघर्ष के बाद उन्हें ये सौगात मिली है और फिर इस दुर्गम क्षेत्र और 3 जिलों की सीमावर्ती होने के चलते इसका महत्व और भी बढ़ जाता है।लेकिन जिले के दूरस्थ क्षेत्र में इस सरकारी महाविद्यालय के प्रति पूर्व व मौजूदा सरकारों का रुख हमेशा राजनीति की प्रतिस्पर्धा बना रहा।क्योंकि पहले यंहा कई वर्ष महाविद्यालय का न अपना भवन ओर मूलभूत सुविधाओं का अभाव रहा था वंही अभी तक कभी भी पूरा स्टाफ़ यंहा नही रहा।वैसे भी तौर पर जब छात्रों के यंहा एडमिशन लेने के समय कभी डेपुटेशन तो कभी तबादलों के चलते छात्रों को यंहा से पलायन करना पड़ता है।आज भी यंहा दर्जन भर पद खली पड़े हैँ जिन्हें अभी तक सरकार नही भर रहीं।वंही उच्च शिक्षा विभाग ने यंहा कोर्सेज बढ़ाये न कोई प्रोफेशनल कोर्स शुरू करवाये जिसके चलते हर वर्ष छात्रों के का बड़ा कारण रहा।बैठक में एक प्रस्ताव स्थानीय विधायक, शिक्षा मंत्री व मुख्यमंत्री को एक प्रस्ताव भेजकर अनुरोध किया गया कि अगर सरकार ऐसी प्रक्रिया पर काम करती है तो संधोल के महाविद्यालय को कम से कम एक वर्ष का विस्तार दिया जाए।
इधर संधोल में लचर पड़ी स्वास्थ्य सुविधाओं पर भी गहन विचार विमर्श किया गया जिसमें संधोल के सिविल हस्पताल को शीघ्रता से पूरा करने के लिए भी प्रदेश सरकार को पत्र लिखा जिसमे केंद सरकार द्वारा इस हस्पताल को जो 10 करोड़ रुपये स्वीकृति मिली है उसके बावजूद भी कार्य शुरू नही किया जा रहा है।अध्यक्ष ने इस जारी राशि जारी होने की अधिसूचना से सदस्यों को अवगत करवाया की प्रदेश सरकार ने 2 साल से इस निर्माणाधीन भवन पर एक रुपये भी खर्च नही किया बल्कि स्थानीय लोंगो द्वारा सांसन्द अनुराग ठाकुर से यंहा की स्वास्थ्य सेवाओं से अवगत करवाया गया जिसके बाद केंद्र सरकार ने दस करोड़ जारी भी कर दिए लेकिन बावजूद इसके प्रदेश सरकार इस हस्पताल को लेकर गम्भीर नही रही है।सदस्यों ने इसके निर्माण और जारी हुई राशि की अधिसूचना स्थानीय विधायक को भेजकर इसको जल्दी मुक्कमल करवाने की मांग की है। वंही क्षेत्र की सभी सड़कों की दयनीय हालत को लेकर भी सदस्यों ने खूब चर्चा की जिसमे धर्मपुर बैरी स्योह,धर्मपुर मढ़ी संधोल,संधोल गड्डीधार टिहरा,कून टोरखोल सर्किल रोड संधोल सहित कई सड़कों की हालत बद्दतर बनी हुई है जिससे वाहन मालिक तो परेशान हैँ ही वंही यंहा हमेशा दुर्घटनाओ का खतरा बना रहता है। इन सब महत्वपूर्ण विषयों को लेकर एक प्रस्ताव स्थानीय विधायक चंद्रशेखर, शिक्षा मंत्री रोहन ठाकुर व मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह के भेजकर शीघ्र यंहा ठप पड़े विकास कार्यों की समीक्षा करने के बाद शीघ्र काम शुरू करवाने का आग्रह किया गया।












