दफ्तर न बदलने को भेजा मुख्य मंत्री को ज्ञापन
हिमाचल प्रदेश पावर कॉरपोरेशन के कोटली स्थित कार्यालय को जोगिंदर नगर तब्दील किए जाने से नाराज तुंगल क्षेत्र के सैकड़ो लोगों ने स्थानीय बाजार में रैली निकालकर अपना रोष जाहिर किया। इसके पश्चात उपमंडल अधिकारी कोटली के माध्यम से मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू को एक ज्ञापन प्रेषित करके मांग की कि हिमाचल प्रदेश पावर कॉरपोरेशन के कोटली स्थित कार्यालय को जोगिंदर नगर स्थानांतरित ना करके यहीं बरकरार रखा जाए। रैली में अनेकों पंचायतों की प्रतिनिधियों, दर्जनों महिला मंडलों, अन्य सामाजिक संगठनों सहित सैकड़ों जागरूक नागरिकों तथा सामाजिक कार्यकर्ताओं ने भाग लिया। मुख्य रूप से जिला परिषद सदस्य कमलेश कुमारी, पंचायत समिति के उपाध्यक्ष भुवनेश ठाकुर, ग्राम पंचायत कोट के पूर्व प्रधान काहन सिंह ठाकुर, सामाजिक कार्यकर्ता शिव बनेर, सेवानिवृत्त सहायक अधिशासी अभियंता देवेंद्र कुमार ठाकुर, पेंशनर्स वेलफेयर एसोसिएशन कोटली के काशीराम ठाकुर, परमदेव चौहान, ग्राम पंचायत लागधार के प्रधान राकेश राणा, उप प्रधान दिलीप सकलानी, कोटली के उप प्रधान मोहन सिंह ठाकुर, खलाणू के उप प्रधान मेघ सिंह,पूर्व प्रधान गोपाल सिंह, पंचायत समिति सदस्य अरुण कुमार, विमला देवी,भवानी दत्त, पितांबर लाल, राजेंद्र कुमार, गंगाराम इत्यादि शामिल हुए। रैली में कोटली,लागधार, भरगांव सुराडी,अलाथू,कसान, साई तथा सेहली के महिला मंडलों ने भाग लिया। सोमवार की सुबह से ही स्थानीय विश्राम गृह में लोगों का जमावड़ा एकत्रित होना शुरू हो गया था जोकि धीरे-धीरे एक विशाल जन सैलाब के रूप में परिवर्तित होता चला गया। देखते ही देखते समूचा कोटली बाजार "थाना पलौण प्रोजेक्ट हमारा है सारे का सारा है" , "तुंगल एकता जिंदाबाद " जैसे नारों से गूंजने लगा। इस रोष रैली में बड़ी संख्या में भाग ले रही महिलाओं के साथ-साथ सैकड़ों लोगों का यह जन सैलाब कोटली बाजार का चक्कर लगाकर उपमंडल कार्यालय पहुंचा। यहां पहुंच कर लोगों ने उपमंडल अधिकारी कोटली के माध्यम से मुख्यमंत्री को ज्ञापन में यह कहा गया है कि तुंगल क्षेत्र के कून का तर में प्रस्तावित थाना पलौन पनबिजली परियोजना की देखरेख के उद्देश्य से पिछले 10 वर्षों से उपमंडल मुख्यालय कोटली में हिमाचल प्रदेश पावर कारपोरेशन का कार्यालय स्थापित किया गया है। लेकिन अज्ञात कारणों से अब यह कार्यालय जोगिंदर नगर तब्दील किए जाने की योजना बनाई जा रही है। जोकि बिल्कुल भी तर्कसंगत नहीं है। ज्ञापन में कहा गया है कि कोटली से परियोजना स्थल की दूरी महज सात आठ किलोमीटर है जबकि जोगिंदर नगर से तकरीबन 25 किलोमीटर दूर पड़ेगा।
जन आंदोलन या राजनीतिक खींचतान
हिमाचल प्रदेश पावर कॉरपोरेशन के कार्यालय को कोटली से जोगिंदर नगर स्थानांतरित किए जाने का मुद्दा जहां एक जन आंदोलन का रूप धारण करता जा रहा है वहीं एक राजनीतिक खींचतान की वजह बनता भी नजर आ रहा है। मंडी सदर के विधायक व भाजपा नेता अनिल शर्मा का कहना है कि तुंगल क्षेत्र के हितैषी होने का दावा करने वाले कांग्रेसी नेताओं ने इस मुद्दे को लेकर चुप्पी साध रखी है। जिसका कारण उन्हें समझ नहीं आ रहा है। सामाजिक कार्यकर्ता शिव बनेर ने सोमवार को आयोजित रोष रैली में कांग्रेस से संबंधित नेताओं की अनुपस्थिति पर अफसोस व्यक्त करते हुए कहा कि हिमाचल प्रदेश पावर कारपोरेशन के कार्यालय के स्थानांतरित न होने से केवल एक दल विशेष को फायदा होने की बात नहीं है जबकि यह मुद्दा तुंगल क्षेत्र की समस्त जनता के हितों की रक्षा के लिए उठाया गया है। इस पर कांग्रेस के पूर्व जिला महामंत्री रामलाल शर्मा का कहना है कि उनकी पार्टी के सभी नेता यही चाहते हैं की पावर कारपोरेशन का यह कार्यालय कोटली में बरकरार रहे। इसके लिए कांग्रेस नेताओं की ओर से लगातार कोशिशें भी की जा रही है। उन्होंने कहा कि सोमवार को आयोजित रोष रैली के लिए उन्हें किसी प्रकार की सूचना नहीं दी गई थी जिससे ऐसा लगता है कि भाजपा इस मुद्दे को राजनीतिक रंग देकर अपनी रोटियां सेंकने का काम कर रही है। उन्होंने कहा कि केंद्र में पिछले एक दशक से भाजपा की सरकार होने के बावजूद सदर के विधायक अनिल शर्मा थाना पलौण परियोजना के लिए बजट का प्रावधान करके इसका कार्य शुरू करवाने में नाकामयाब रहे हैं।












